राँची: झारखंड आंदोलनकारियों ने सोमवार को अपनी 11 सूत्री मांगों को लेकर विधानसभा के समक्ष जोरदार प्रदर्शन किया। आंदोलनकारियों ने पुराना विधानसभा मैदान से कूटे मैदान तक रैली निकाली और राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपने हक और सम्मान की आवाज बुलंद की।
आंदोलनकारियों के सात सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मुलाकात कर एक मांग पत्र सौंपा। इसमें प्रमुख रूप से झारखंड आंदोलन के प्रणेता दिसुम गुरु शिबू सोरेन को ‘भारत रत्न’ से सम्मानित करने का प्रस्ताव विधानसभा से पारित करने की मांग की गई है।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि झारखंड आंदोलनकारी चिह्नीकरण आयोग का कार्यकाल समाप्त होने से उनकी समस्याएं जटिल हो गई हैं। उन्होंने मांग की कि आयोग का विस्तार किया जाए ताकि छूटे हुए आंदोलनकारियों की पहचान हो सके।
प्रमुख मांगें:
सम्मान राशि: सभी आंदोलनकारियों को प्रतिमाह 25,000 रुपये सम्मान राशि दी जाए।
गुरुजी मेडिकल कार्ड: बीमार और बुजुर्ग आंदोलनकारियों के लिए 15 लाख रुपये का ‘गुरुजी मेडिकल कार्ड’ जारी हो।
अधिकार और पहचान: 25 वर्षों के इंतजार के बाद भी आंदोलनकारी बीमारी और बुढ़ापे में उपेक्षित हैं, उन्हें उचित राजकीय सम्मान मिले।
रांची जिला प्रभारी दिनेश राम ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि सरकार इन मांगों पर जल्द निर्णय नहीं लेती है, तो राज्य भर के आंदोलनकारी उग्र आंदोलन के लिए मजबूर होंगे।