पत्थलगड़ा: बिजली कटौती की जानकारी मांगने पर सांसद प्रतिनिधि से कथित अभद्रता, नवाडीह पावर हाउस का कर्मी विवादों में
चतरा (पत्थलगड़ा) : पत्थलगड़ा प्रखंड के नवाडीह पावर हाउस में कार्यरत एक कर्मी पर बिजली कटौती की जानकारी मांगने वाले चतरा सांसद कालीचरण सिंह के सांसद प्रतिनिधि मनीष सिंह के साथ कथित रूप से अभद्र व्यवहार, गाली-गलौज एवं मारपीट की धमकी देने का गंभीर आरोप लगा है। मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चा तेज हो गई है। वहीं, विद्युत विभाग के अधिकारियों ने शिकायत मिलने पर नियमानुसार जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
अचानक बिजली बाधित होने पर की गई थी जानकारी की मांग:
जानकारी के अनुसार शनिवार की शाम पत्थलगड़ा फीडर की विद्युत आपूर्ति अचानक बाधित हो गई, जिससे भीषण गर्मी के बीच उपभोक्ताओं को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। बिजली आपूर्ति बहाल होने में हो रही देरी का कारण जानने के लिए नवाडीह पावर हाउस के आधिकारिक हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क किया गया।
आरोप है कि ड्यूटी पर मौजूद कर्मी मुकेश कुशवाहा ने संक्षिप्त जवाब देते हुए कहा कि “एम्पियर कम है, दो घंटे बाद बिजली आएगी” और फोन काट दिया।
पहचान बताने पर कथित रूप से अभद्र भाषा का प्रयोग:
सांसद प्रतिनिधि मनीष सिंह का आरोप है कि दोबारा फोन कर अपनी पहचान बताते हुए जब आम जनता की समस्या के समाधान के संबंध में जानकारी मांगी गई तो संबंधित कर्मी ने कथित रूप से अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए कहा, “कितना बड़ा नेता है तू…” और फोन काट दिया।
मनीष सिंह का यह भी आरोप है कि जब उन्होंने इस मामले की शिकायत कनीय अभियंता एवं अन्य विभागीय अधिकारियों से करने की बात कही, तो रविवार सुबह उनके एक नजदीकी परिचित के पास फोन कर कथित रूप से यह संदेश दिया गया कि यदि शिकायत की गई तो “जहां मिलेगा, वहीं मारपीट करेंगे।”
थाना एवं विभागीय अधिकारियों से शिकायत की तैयारी:
मनीष सिंह ने कहा कि यदि जनप्रतिनिधि के प्रतिनिधि के साथ इस प्रकार का व्यवहार किया जाता है तो आम उपभोक्ताओं के साथ कैसा व्यवहार होता होगा, इसका सहज अनुमान लगाया जा सकता है। उन्होंने बताया कि पूरे मामले की लिखित शिकायत थाना एवं विद्युत विभाग के वरीय अधिकारियों को दी जाएगी, ताकि निष्पक्ष जांच कर दोषी के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जा सके तथा भविष्य में उनकी सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
जनता में रोष, कर्मियों के व्यवहार पर उठे सवाल:
घटना के बाद क्षेत्र के लोगों में नाराजगी देखी जा रही है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि बिजली आपूर्ति जैसी आवश्यक सेवा से जुड़े कर्मियों का दायित्व उपभोक्ताओं की समस्याओं का समाधान करना है। यदि शिकायत करने वालों के साथ अभद्रता और धमकी जैसा व्यवहार होगा तो आम जनता अपनी समस्या लेकर किसके पास जाएगी।
कनीय अभियंता ने कहा— जांच के बाद होगी कार्रवाई:
मामले पर पूछे जाने पर कनीय अभियंता तरुण कुमार ने बताया कि सांसद प्रतिनिधि द्वारा उन्हें इस संबंध में जानकारी दी गई है। यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो विभागीय नियमों के अनुरूप उचित कार्रवाई की जाएगी।
एसडीओ बोले— मामला संज्ञान में आया है:
विद्युत विभाग के एसडीओ सत्यदेव कुमार ने कहा कि यह मामला पहले उनके संज्ञान में नहीं था। पत्रकारों के माध्यम से जानकारी प्राप्त हुई है। यदि शिकायत प्राप्त होती है और जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
लोकसभा प्रतिनिधि ने नहीं दी कोई प्रतिक्रिया:
चतरा सांसद कालीचरण सिंह के लोकसभा स्तरीय प्रतिनिधि विनय सिंह से भी इस संबंध में जानकारी मांगी गई। उन्होंने कहा कि मामला उनके संज्ञान में नहीं है और इस पर कोई प्रतिक्रिया देने से इनकार किया।
सीएससी संचालन का भी है दायित्व:
स्थानीय लोगों के अनुसार, नवाडीह पावर सब स्टेशन में कार्यरत मुकेश कुशवाहा बैंक ऑफ इंडिया के ग्राहक सेवा केंद्र (सीएससी) का संचालन भी करते हैं।
अब निगाहें विभागीय कार्रवाई पर:
अब यह देखना होगा कि विद्युत विभाग इस पूरे मामले को कितनी गंभीरता से लेता है। यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित कर्मी के विरुद्ध क्या विभागीय कार्रवाई होती है, इस पर क्षेत्रवासियों की नजर बनी हुई है।