रांची: पासवा द्वारा 13 सितंबर को आर्यभट्ट सभागार, मोरहाबादी, रांची विश्वविद्यालय में आयोजित किए जाने वाले 14वें शिक्षक सम्मान समारोह की तैयारियों का जायजा एवं समीक्षा पासवा के मुख्य संरक्षक सह विधायक डॉ. रामेश्वर उरांव ने स्वयं लिया। उन्होंने आर्यभट्ट सभागार में पासवा के वॉलिंटियर्स एवं आयोजन समिति के सदस्यों के साथ बैठक कर कार्यक्रम की तैयारियों को अंतिम रूप दिया।
इस अवसर पर डॉ. रामेश्वर उरांव ने कहा कि शिक्षकों का सम्मान केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि हमारी नैतिक जिम्मेदारी है। शिक्षक समाज और राष्ट्र के निर्माण में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। वे विद्यार्थियों को केवल किताबी ज्ञान ही नहीं देते, बल्कि उनके व्यक्तित्व, संस्कार और भविष्य को दिशा प्रदान करते हैं। इसलिए शिक्षकों के योगदान को सम्मानित करना पूरे समाज का दायित्व है।
उन्होंने कहा कि पासवा लंबे समय से शिक्षा के क्षेत्र में लगातार उल्लेखनीय कार्य कर रहा है। शिक्षक सम्मान समारोह के माध्यम से शिक्षा जगत से जुड़े लोगों को सम्मानित कर उनके योगदान के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की जा रही है। उन्होंने वॉलिंटियर्स से समारोह में आने वाले शिक्षकों एवं अतिथियों के स्वागत, बैठने, सम्मान सामग्री एवं प्रमाण पत्र वितरण सहित सभी व्यवस्थाओं को व्यवस्थित एवं अनुशासित तरीके से पूरा करने का निर्देश दिया।
बैठक में एनएसएस के कोऑर्डिनेटर किशोर सुरीन भी मुख्य रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि सामाजिक कार्यों में एनएसएस के वॉलिंटियर्स बढ़-चढ़कर हिस्सा लेंगे और शिक्षक सम्मान समारोह की सफलता में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। उन्होंने कहा कि समाज सेवा और राष्ट्र निर्माण के कार्यों में युवाओं की भागीदारी बेहद जरूरी है तथा एनएसएस हमेशा ऐसे सकारात्मक सामाजिक कार्यों के साथ खड़ा रहेगा।
किशोर सुरीन ने कहा कि शिक्षा जगत के लिए यह हर्षोल्लास का विषय है कि इतने बड़े स्तर पर हम अपने गुरुओं और शिक्षकों को सम्मानित करने जा रहे हैं। शिक्षक समाज को दिशा देने और आने वाली पीढ़ियों का भविष्य संवारने का काम करते हैं। ऐसे आयोजन शिक्षकों के प्रति समाज में सम्मान और कृतज्ञता की भावना को और मजबूत करते हैं।
पासवा के राष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार दूबे ने कहा कि शिक्षक सम्मान समारोह को लेकर पूरे झारखंड के शिक्षकों में उत्साह है। समारोह में विश्वविद्यालय के कुलपति, प्रोफेसर, व्याख्याता, सरकारी एवं निजी विद्यालयों के शिक्षक, प्ले स्कूल के शिक्षक सहित शिक्षा जगत से जुड़े बड़ी संख्या में लोगों को सम्मानित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि शिक्षक समाज की वह ताकत हैं जो पीढ़ियों का निर्माण करते हैं। पासवा का उद्देश्य केवल शिक्षकों को सम्मानित करना नहीं, बल्कि समाज में गुरु-शिष्य परंपरा और शिक्षा के प्रति सम्मान की भावना को और मजबूत करना है। श्री दूबे ने कहा कि समारोह को भव्य, गरिमापूर्ण एवं व्यवस्थित बनाने के लिए पासवा की पूरी टीम पिछले कई दिनों से लगातार मेहनत कर रही है।
उन्होंने कहा कि कार्यक्रम में किसी प्रकार की अव्यवस्था न हो, इसके लिए पासवा के वॉलिंटियर्स को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। उन्होंने सभी पदाधिकारियों, वॉलिंटियर्स एवं सहयोगी संस्थाओं से समय पर पहुंचकर अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करने और समारोह को सफल बनाने का आह्वान किया।
बैठक में पासवा के उपाध्यक्ष लाल किशोर नाथ शाहदेव, महासचिव डॉ. राजेश गुप्ता, महासचिव फलक फातिमा,मो जिन्ना, मेहुल दूबे, संजय कुमार सहि बड़ी संख्या में पासवा वॉलिंटियर्स सुश्री आरजू शबा अंकिता सिंह,श्रुतितिवारी,अनुष्का कुमारी,ऋचा कुमारी,बुलबुल कुमारी, खुशी भारती,वीणा कुमारी, रानी कुमारी ऐश्वर्या सिंह,स्वाति कुमारी, साइन शिवम, अनुभव शंकर, साक्षी कुमारी, प्रवीण उरांव, शिवानी तिवारी, अमित लकड़ा ,फैजान रजा, कामरान खान, खालिद राजा, मेघा राज, सक्षम कुमार, आयुष कुमार, अंजली कुमारी, अनुराग जायसवाल, आकाश कुमार महतो, रिशु कुमार, विक्रांत सहाय, मोहम्मद शाहिद, मोहम्मद रजा उल्लाह जिसमें उपस्थित थे।