राँची एयरपोर्ट पर ‘स्वच्छता ही सेवा 2026’ अभियान की भव्य शुरुआत, युवाओं और सफाई मित्रों पर विशेष ध्यान
राँची: राँची के बिरसा मुंडा विमानपत्तन (एयरपोर्ट) पर “स्वच्छता ही सेवा (SHS) अभियान 2026” की आधिकारिक शुरुआत हो गई है, जो 17 सितंबर से 2 अक्टूबर 2026 तक चलेगा। इस वर्ष यह अभियान “Swachhata Mein Sahbhag, Swachh Bharat, Viksit Bharat” (स्वच्छता में सहभाग, स्वच्छ भारत, विकसित भारत) की राष्ट्रीय थीम के तहत आयोजित किया जा रहा है। इस दो सप्ताह लंबे अभियान का मुख्य उद्देश्य स्वच्छता को केवल सफाई तक सीमित न रखकर इसे एक जनआंदोलन बनाना और नागरिकों में सामूहिक जिम्मेदारी की भावना को बढ़ावा देना है।
एयरपोर्ट प्रशासन के अनुसार, इस अभियान को पांच प्रमुख क्षेत्रों में आगे बढ़ाया जा रहा है ताकि इसका व्यापक प्रभाव दिख सके। इसके पहले चरण के तहत एयरपोर्ट परिसर और उसके आसपास के चिन्हित सार्वजनिक स्थानों (Cleanliness Target Units) की समयबद्ध सफाई, सुधार और सौंदर्यीकरण का काम तेजी से किया जाएगा। दूसरे चरण “स्वच्छ पाठशाला और युवा फॉर स्वच्छता” के अंतर्गत स्कूल-कॉलेज के विद्यार्थियों और युवाओं को इस अभियान से जोड़ा जा रहा है। उन्हें वेस्ट मैनेजमेंट (कचरा प्रबंधन) की आधुनिक सुविधाओं का दौरा कराया जाएगा और जल संरक्षण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जागरूक करने के लिए विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा।
इस वर्ष के अभियान की एक और बड़ी विशेषता “सफाईमित्र सुरक्षा एवं सम्मान” है। इसके तहत स्वच्छ वातावरण बनाए रखने वाले सफाई कर्मचारियों और स्वच्छता योद्धाओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए प्रिवेंटिव हेल्थ चेक-अप (नियमित स्वास्थ्य जांच) शिविर लगाए जाएंगे। साथ ही उन्हें सरकार की विभिन्न सामाजिक सुरक्षा और कल्याणकारी योजनाओं (Welfare Schemes) से जोड़ा जाएगा और विशेष कार्यक्रमों में सम्मानित कर उनके योगदान को नई पहचान दी जाएगी।
अभियान के चौथे स्तंभ “जन भागीदारी” के तहत आम जनता को 4-way वेस्ट सेग्रीगेशन (चार तरीकों से कचरा अलग करना), प्लास्टिक मुक्त अभ्यास और RRR (रिड्यूस-रियूज-रिसाइकल) के फायदों के बारे में जागरूक किया जाएगा। पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए खेलकूद (Sports for Swachhata), पर्यावरण-अनुकूल त्योहार और “एक पेड़ माँ के नाम” जैसे अनूठे कार्यक्रम भी चलाए जाएंगे। इसके अलावा, 27 सितंबर को ‘विश्व पर्यटन दिवस’ के मौके पर पर्यटन और स्वच्छता को जोड़कर विशेष गतिविधियां होंगी, जबकि 2 अक्टूबर को गांधी जयंती पर एक बड़े सामूहिक संकल्प के साथ इस अभियान का समापन होगा।
अभियान के आखिरी हिस्से “स्वच्छता से समृद्धि” के जरिए लोगों की सोच को बदलने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि लोग कचरे को बेकार न समझकर उसे एक उपयोगी संसाधन के रूप में देखें। इसके लिए “वेस्ट टू वेल्थ”, “कबाड़ से जुगाड़” और “कबाड़ से कला” जैसी रचनात्मक गतिविधियों के साथ-साथ रीसाइक्लर्स मीट को बढ़ावा दिया जाएगा। एयरपोर्ट प्रशासन ने अपने संदेश में साफ किया है कि स्वच्छता केवल सरकार या किसी एक विभाग का काम नहीं है, बल्कि देश के हर नागरिक का कर्तव्य है, और इसे हमें अपनी निरंतर आदत बनाना होगा।