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डॉ रज़ी अहमद की पहली हिंदी और छठी पुस्तक ‘पलामू किले का रहस्य’ का विमोचन

Ranchi: रांची के डॉ रज़ी अहमद की पहली हिंदी और छठी पुस्तक ‘पलामू किले का रहस्य’ का विमोचन प्रसिद्ध अभिनेता राजेश जैस ने किया। उन्होंने कहा कि अच्छी बात है कि झारखंड की कहानियां नेशनल-इंटरनेशनल लेवल पर जा रही हैं। अब लोग यहां की कहानी जान-समझ रहे हैं। इस अवसर पर प्रेस क्लब के अध्यक्ष शंभु नाथ चौधरी, डॉक्टर सना अंजुम हक, डॉ मंजुला सिन्हा, डॉ विकास कुमार, डॉ राहुल रॉय आदि मौजूद रहे। संचालन कुंदन कुमार चौधरी ने किया।

राँची के रहने वाले बेस्टसेललिंग लेखक डॉ रज़ी अहमद की अंग्रेज़ी पुस्तक ‘द सीक्रेट ऑफ द पलामू फोर्ट,’ का हिंदी अनुवाद है।

डॉ रज़ी अहमद एक डॉक्टर हैं और वर्तमान में राँची के मणिपाल अस्पताल में कार्यरत हैं।
अब तक इनकी पांच पुस्तकें प्रकाशित हो चुकी हैं। खास बात है कि इनकी सारी किताबों की कहानियाँ झारखंड के ही स्थानों और किरदारों पर आधारित होती हैं।

हाल ही में उनकी बच्चों की दो पुस्तकें भी प्रकाशित हुई हैं जो फंतासी एवं अंतरिक्ष विज्ञान में बच्चों की रूचि जगाती हैं। इन दोनों पुस्तकों का डियाट्रिब्यूशन भारत के सबसे बड़े प्रकाशक पेंगुइन ने किया है।

पलामू किले का रहस्य – यह डॉ रज़ी की 2019 में मूलतः अंग्रेज़ी में प्रकाशित पहली पुस्तक थी। यह किताब बहुत सफल रही थी एवं शुरुआती 2 हफ्तों में ही इसकी 5000 प्रतियां बिक गई थीं। झारखंड में स्तिथ एक प्राचीन किले से जुड़ा यह पारलौकिक जासूसी उपन्यास लोगों के कोतुहल का विषय बन गया था। कई बॉलीवुड कलाकारों में भी इस पुस्तक की बहुत सराहना की थी। इसी कारण एक बड़े प्रोडक्शन हाउस ने इस किताब के अधिकार एक वेब सीरीज बनाने के लिए लिए हैं। तथा काफी बड़े स्तर पर इसका निर्माण होगा। इस पुस्तक की सफलता को देखते हुए अब इसके हिंदी अनुवाद को भी प्रकाशित किया जा रहा है।

कहानी – झारखंड के पलामू स्तिथ पलामू किले पर प्रेत छाया पड़ चुकी है। किले में जाने वाले लोगों को वहाँ अजीब आवाज़े सुनाई देती हैं तथा एक साया दिखाई देता है। रांची के संत ज़ेवियर कॉलेज के इतिहास के प्रोफेसर की रहस्यमय परिस्थितियों में हत्या होती है, जिसके कारण राँची का ही रहने वाला जासूस रॉबिन होरो इस केस को अपने हाथ में लेता है। परंतु इस मामले के तार 350 वर्ष पहले पलामू पर शासन करने वाले चेरो वंश एवं उसके ख़ज़ाने से जुड़ जाते हैं। क्या जासूस रॉबिन होरो एक प्रेतात्मा तथा चेरो राजवंश के ख़ज़ाने से जुड़े श्राप से लड़कर यह गुत्थी सुलझा पायेगा?

डॉ रज़ी की अन्य पुस्तकें :-

द मार्स कांस्पीरेसी

एक प्राइवेट स्पेस एजेंसी ‘स्पेस -टेक’ झारखंड के सिमडेगा के जंगलों में अपना रिसर्च सेंटर बनाती है। परंतु इसके बनने के बाद से ही वहाँ रात में आसमान के कई बार अजीब रोशनियां देखी जाती हैं और साथ ही कुछ गाँव वालों की छत विक्षत लाशें उसके परिसर के बाहर मिलती हैं।
ऐसा लगता है कि वे तेंदुए के हमले में मारे गए हैं। परंतु उस स्पेस सेंटर के अंदर एक बहुत रहस्यमय एक्सपेरिमेंट चल रहा है। क्या रांची के तीन यूटूबर्स श्रेयसी, अंकुश, और रवि, तथा जीवन से हारा हुआ एक इंस्पेक्ट डेविड कुजूर, इस रहस्य से पर्दा उठा पाएंगे?

वुहान – नॉट ए लव स्टोरी :-

2019 में पूरी दुनिया को अपने घुटनों पर ला देने वाले वायरस के उद्गम का राज़ जानने भारतीय मूल का FBI एजेंट विक्टर कुजूर और एक अमरीकी मॉलिक्यूलर बायोलॉजिस्ट सेलिना चैन, एक बेहद खतरनाक मिशन पर चीन जाते हैं। क्या यह मिशन उनका आखिरी मिशन साबित होगा?

स्पेस एडवेंचर्स ऑफ कैप्टेन मंगरा एंड बिरसा –

इसरो के युवा विज्ञानी कार्यक्रम के द्वारा राँची के एक स्कूल से मंगरा नाम के एक दस वर्षीय मेधावी क्षात्र का चयन होता है और उसके बनाये आर्टिफिशियल इंटेलीजेन्स से ISRO एक स्पेस रोबॉट BIRSA का निर्माण करता है।
मंगरा और बिरसा ISRO के एक सांकेतिक स्पेस मिशन पर जाते हैं मगर वहाँ एक ‘वर्म होल’ में फंस कर अंतरिक्ष मे खो जाते हैं। वहाँ उनकी मुलाकात एलियन सभ्यताओं एवं एक अंतरिक्ष लुटेरे से होती है। क्या वे सारी मुसीबतों से लड़कर पृथ्वी वापस आ पाएंगे?

प्रिंसेस आयरा एंड द माउंटेन ऑफ एनचंटमेंट –

झारखंड के घने जंगलो में, साल के तीन वृक्षों के बीच एक दूसरी दुनिया का द्वार है जहाँ पर दो राज्य वंदुरिया और नेफारिया हैं।
अच्छाई का प्रतीक वनदुरिया एक बहुत ही शक्तिशाली जादुई पत्थर की रक्षा करता है। वहीँ मक्कार जादूगरों एवं मायावी शक्तियों से भरा राज्य नेफारिया, उस पत्थर को चुरा कर काली शक्तियों का शासन लाना चाहता है। इस उद्देश्य के लिए वे वंदुरिया की छह वर्षीय राजकुमारी आयरा को अगवा करके माया-पर्वत में कैद कर देते हैं। क्या राजकुमारी आयरा और उसका ड्रैगन इस मुसीबत से निकलकर जादुई पत्थर की रक्षा कर पाएंगे?

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